धनुषा, ५ फागुनः मैथिली विकास कोषके आयोजनमे चाइर दिवसीय ‘जनकपुरधाम साहित्य, कला तथा अन्तर्राष्ट्रीय नाट्य महोत्सव’ आइसँ सुरू भेल अइछ । रङ्गभूमि मैदानसँ भव्य सांस्कृतिक झाँकीसहित महोत्सवके औपचारिक उद्घाटन कएल गेल अइछ ।
उद्घाटनके अवसरमे निकालल गेल शोभायात्रा रङ्गभूमि मैदानसँ सुरू भ नगर परिक्रमा करैत विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुति आ लोकझाँकी सेहो भेल छल । मैथिली वेशभूषामे सजल कलाकार, स्थानीय समुदायक प्रतिनिधि, विद्यार्थी तथा सर्वसाधारणके उल्लेख्य सहभागितासँ जनकपुरधामक मुख्य सड़क क्षेत्र उत्सवमय बनल छल।
कोषक अध्यक्ष जीवनाथ चौधरीक अनुसार महोत्सव जनकपुरधामक बहुआयामिक सांस्कृतिक सम्पदाकेँ राष्ट्रिय तथा अन्तर्राष्ट्रीय स्तरमे चिन्हेबाक लक्ष्य अइछ । “विभिन्न जातजाति आ समुदायक सांस्कृतिक पहिरनके प्रस्तुत क अपन मौलिक पहिचानकेँ सशक्त बनेबाक प्रयास कएने छी,” ओ कहलैन ।
उक्त महोत्सवमे साहित्यिक गोष्ठी, कवितावाचन, पुस्तक विमोचन, चित्रकला प्रदर्शन, नाटक मञ्चन तथा अन्तरक्रिया कार्यक्रमसभ आयोजन कएल जाए रहल छै । कार्यक्रममे स्थानीयसँ राष्ट्रिय तथा अन्तर्राष्ट्रीय स्तरके कलाकार, साहित्यकार आ रङ्गकर्मीसभके सहभागिता रहबाक मैथिली विकास कोष जनाौलक अइछ ।
महोत्सवके पहिल दिन आयोजित सांस्कृतिक झाँकीमे नेपाली कांग्रेसक नेता विमलेन्द्र निधिके सहभागिता छल । मैथिली वेशभूषामे शोभायात्रामे सहभागी भेल ओ महोत्सवके सफलताके कामना करैत मैथिली भाषा, साहित्य आ संस्कृतिके प्रवर्धनमे कोषके भूमिकाक प्रशंसा केलैन । ओ एहन कार्यक्रमसँ सांस्कृतिक एकता आ सामाजिक सद्भाव सुदृढ करबाक विश्वास व्यक्त केलैन ।
आयोजक संस्था अइ साल अपने भवनमे महोत्सव आयोजन केलक अइछ । वितल अनुभवकेँ समेटैत अइ बेर कार्यक्रमकेँ आओर व्यवस्थित, फैलगर आ अन्तर्राष्ट्रीय सहभागितामुखी बनाएल गेल कोष जनौलक अइछ । जनकपुरधामक सांस्कृतिक धरोहर, धार्मिक महत्व आ ऐतिहासिक पृष्ठभूमिकेँ साहित्य आ नाट्य माध्यमसँ विश्वसमक्ष प्रस्तुत करबाक उद्देश्यसहित महोत्सव आयोजन कएल गेल अइछ ।
महोत्सव सफल बनेबाक लेल आयोजक सम्पूर्ण साहित्यप्रेमी, कलाकार, बुद्धिजीवी तथा सर्वसाधारणकेँ सक्रिय सहभागिताक लेल आग्रह केलक अइछ । जनकपुरधाममे सुरू भेल ई सांस्कृतिक उत्सव लगातार चाइर दिन शहरकेँ साहित्य, कला आ रङ्गमञ्चके सङ्गमस्थल बनेबाक विश्वास कएल गेल अइछ । (रासस)





