मिथिलामे आइसँ होली सुरु


जलेश्वर (महोत्तरी), १२ फागुनः १५ दिनक माध्यमिकी परिक्रमाअन्तर्गत महोत्तरीके भङ्गाहा नगरपालिका–७ कञ्चनवनमे होली खेललाक बाद मिथिलामे आइसँ होली पाबैन विधिवत रुपमे सुरु भेल अइछ ।

१५ दिनक परिक्रमामे आएल साधु, सन्त, महात्मा आ जोगी सन्यासीके उपस्थितिमे धार्मिक अनुष्ठान करैत आइ भोर भगवान् मिथिलाविहारी (रामचन्द्र) किशोरीजी (माता सीता)सङे महोत्तरीके कञ्चनवनमे होली खेललाक बाद आइसँ सम्पूर्ण मिथिलामे होली पाबैनक शुभारम्भ भेल परिक्रमा यात्रामे सहभागी बाबा नवलकिशोर दास बतौलैन । १५ दिनक माध्यमिकी परिक्रमाअन्तर्गत सातम दिनक बासस्थान कञ्चनवनमे आइ धार्मिक विधिपूर्वक भगवान् रामचन्द्र तथा माता सीताके डोला आ मूर्तिकेँ रङ आ अबिर लगा क होली खेलाएल गेल अइछ, तँ परिक्रमामे सहभागी हजारो साधु, सन्त, महात्मा आ गृहस्थ परिवारसहित सम्पूर्ण परिक्रमा यात्री एक आपसमे रङ अबिर लगाबैत होली पाबैनक सुरुआत कएने बाबा नवलकिशोर बतौलैन ।

मिथिलाक गामगाम तथा घरघरमे सेहो रङ अबिरक प्रयोग करैत होली सुरु भेल अइछ । तहिना, होलीके आगमन सङे प्रत्येक सालजका अइ साल सेहो मिथिलाक गामगाममे होलीके गीत, नाचगान, हँसी मजाक कथा कविता वाचन करबाक, प्रस्तुत करबाक काजक सेहो शुभारम्भ भेल सदरमुकाम जलेश्वर नगरपालिका–८ के पण्डित धीरेन्द्र झा बतौलैन ।

मिथिलाक साधुसन्त, महात्मा आ गृहस्थ परिवार भगवान वनवास गेल दिनकेँ याद करैत १५ दिनक परिक्रमा करैत अइछ, तँ परिक्रममाके क्रममे आइ भगवान होली खेलने यादमे सम्पूर्ण परिक्रमा यात्रीसभ होली खेललक अइछ । धनुषाक हनुमानगढ़ीमे इएह फागुन ४ गते भगवान् रामचन्द्र आ माता सीताके डोलासहित परिक्रमा यात्रीसभ १५ दिनक परिक्रमा सुरु कएने छल ।

महोत्तरीके कञ्चनवनमे सातम दिनके विश्रामस्थल त्याइग क आइ सम्पूर्ण परिक्रमायात्री आठम दिनक विश्रामक लेल धनुषाके पर्वत्तादिस आगु बढ़ल अइछ । रासस

ताजा खबर
लोकप्रिय