धर्मेन्द्र विह्वल
१) टूटल लोक
मुद्दा बाँकिए छैक
जोडs पडतै ।
२)उलटै छै
अखवारके पन्ना
खवर नै छै ।
३) हे यै घरनी
हम छी आ आहाँ छी
सङ्गे जीवs ने ।
४) नै बुझै छैक
नवका बातसब
पुरान लोक ।
५) नदी किनार
बालुपर पडल
गोहीक बच्चा ।
६) हुनक मुहँ
हम भ्रमित नै छी
चमकै चन्द्र ।





