काठमाण्डू, ३२ अखार: प्रशासकीय अदालतमे आर्थिक वर्ष २०८२/८३ मे सेवा सुविधासम्बन्धी बेसी मुद्दा पड़ल अइछ ।
ताहि अदालतमे दर्ता भेल ५१५ मुद्दामध्ये सबसँ बेसी सेवा सुविधासम्बन्धी रहल प्रशासकीय अदालतके रजिष्ट्रार सरोजराज रेग्मी जानकारी देलैन । अइ आवमे उक्त अदालतमे सेवा सुविधासम्बन्धी २०२ टा मुद्दा दायर भेल छल। अदालतमे बढुवासम्बन्धी १८७, सरुवाके १०१, विभागीय सजायके १६, अवकाश ७ आ अदालतके अवहेलनासम्बन्धी दू मुद्दा पड़ल रजिष्ट्रार रेग्मी बतौलैन ।
उक्त मुद्दामध्ये अइ आवमे २१३ टा मुद्दा फैसला भेल अइछ तँ ३०२ बाँकी अइछ । वि.सं. २०८२ साओनसँ अधिकार क्षेत्र विस्तार भेलाक बाद बहुतेक मुद्दा अइ आर्थिक वर्षमे पड़ल ओ बतौलैन । प्रशासकीय अदालतके अध्यक्ष डा टेकबहादुर घिमिरे प्रशासकीय अदालतके क्षेत्रधित्रकार विस्तार होइत गेलासँ अइ साल मुद्दाके सङ्ख्या वृद्धि भेल बतौलैन ।
अदालतमे विषयगत रुपमे संघीय निजामती सम्बन्धित मुद्दा २२१ टा, प्रदेश निजामती १०८, शिक्षक ९९, संस्थान/प्रतिष्ठान ४०, स्वास्थ्य २६, करारसमबन्धी तीन मुद्दा पड़ल अइछ ।
प्रदेशगत रुपमे बागमती प्रदेशक ३४२, मधेश प्रदेशक ६६, कोशी प्रदेशक ४०, गण्डकी प्रदेशक २०, सुदूरपश्चिम प्रदेशक १९, कर्णाली प्रदेशक १५ आ लुम्बिनी प्रदेशसँ सम्बन्धित १३ टा मुद्दा रहल अइछ ।
निजामती वा सरकारी स्वामित्वमे रहल सङगठित संघ संस्थाके कर्मचारीकेँ विभागीय सजाय, सरुवा, बढुवा वा स्तरवृद्धि, उपदान, निवृत्तभरण वा अवकाश, समायोजन, सेवाशर्त तथा सुविधासम्बन्धी मुद्दाके निर्णय वा अन्तिम आदेश उपर पुनरावेदन सुनबाक अदालतके अधिकार क्षेत्र अइछ । (रासस)
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